Latest

Search Result

डिप्टी CM ब्रजेश पाठक ने ब्राह्मणों को मनाने के लिए चल दी बड़ी चाल

उत्तर प्रदेश में हाल ही में एक बड़ा विवाद हुआ है, जिसे शंकराचार्य विवाद कहा जा रहा है। यह विवाद प्रयागराज के माघ मेले में हुआ, जहाँ शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के साथ गए कुछ युवा ब्राह्मण छात्रों (जिन्हें बटुक कहते हैं) के साथ पुलिस ने कथित रूप से बदसलूकी की।

बसपा सुप्रीमो मायावती का बड़ा बयान,BSP अकेले दम पर लड़ेगी चुनाव

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की सुप्रीमो मायावती ने हाल ही में एक बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने साफ-साफ कहा है कि 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में बसपा अकेले लड़ेगी। न तो सपा (समाजवादी पार्टी) से गठबंधन होगा और न ही कांग्रेस से। उन्होंने गठबंधन की सभी अफवाहों को सिरे से खारिज कर दिया है।

उत्तर प्रदेश में कांग्रेस का बड़ा प्रदर्शन: मनरेगा और कानून व्यवस्था पर घेराव

आज उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विधानसभा का घेराव करने की कोशिश की। यह प्रदर्शन मुख्य रूप से मनरेगा (महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना) और राज्य में कानून व्यवस्था के मुद्दों पर था। कांग्रेस का कहना है कि सरकार मनरेगा को कमजोर कर रही है

वंदे मातरम्, राष्ट्रगान और रामराज्य : भारत की सांस्कृतिक चेतना का पुनर्जागरण -प्रो देव प्रकाश मिश्र।

भारतीय राष्ट्र की आत्मा को यदि किसी एक सांस्कृतिक प्रतीक में पढ़ा जा सकता है, तो वह है “वंदे मातरम्।” यह गीत केवल भावनाओं का संचार नहीं करता, बल्कि भारतीयता के उस सनातन दृष्टिकोण को जीवित करता है जिसमें मातृभूमि को देवी माना गया है, और राष्ट्र को एक जीवंत, संवेदनशील इकाई। स्वतंत्रता

छठ पर्व : आस्था, संस्कृति और समरसता का लोकप्रकाश-प्रो देव प्रकाश मिश्र।

छठ की मूल भावना सूर्योपासना है — उस शक्ति के प्रति आभार, जो हर दिन हमें जीवन देती है। ऋग्वेद कहता है — “सूर्यो ज्योतिषां ज्योतिः” — यानी सूर्य सभी प्रकाशों का स्रोत है। छठ इसी प्राचीन परंपरा को जीवित रखता है। डूबते और उगते दोनों सूर्यों की पूजा यह सिखाती है कि जीवन में उजाला और अंधेरा, सुख और दुख — दोनों को समान भाव से स्वीकार करना चाहिए।

दीपोत्सव :मानवाधिकार आदर्श और असमानता का द्वंद्व -प्रो देव प्रकाश मिश्र।

मानवाधिकारों का प्रश्न आधुनिक सभ्यता की उपज नहीं है। यह उतना ही पुराना है जितनी मानव चेतना। हर युग में शक्ति और न्याय, अधिकार और कर्तव्य, करुणा और अहंकार का संघर्ष रहा है।

भाषा पर नहीं, विचार पर प्रतिबंध लगाइए -प्रो देव प्रकाश मिश्र।

तमिलनाडु से आई यह खबर कि मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन की सरकार राज्य में हिंदी गानों, फिल्मों और होर्डिंग्स पर प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रही है, भाषा और संस्कृति के सवाल पर नई बहस छेड़ देती है। यह प्रस्ताव यदि सच है

समझ की डिग्री: कबीर से लेकर आज की राजनीति तक -प्रो देव प्रकाश मिश्र।

आज के सार्वजनिक आयाम में डिग्रियों की होड़ ने हमें एक रहस्यमयी बहस सिखा दी है — क्या वास्तविक योग्यता कागज़ पर लिखी हुई डिग्री है या जीवन, संवेदना और काम की कुशलता? कबीर, रविदास और मलूकदास जैसी परंपराएँ हमें बार-बार याद दिलाती हैं

देवी–देवता और पर्यावरण : पूजा या चेतावनी? -- प्रो देव प्रकाश मिश्रा

क्या कभी हमने सोचा है कि गंगा को “माँ” कहने का असली मतलब क्या है? क्या केवल फूल चढ़ा देने से गंगा पवित्र हो जाएगी, जबकि हम ही हर रोज़ उसमें गंदगी और विषैले रसायन उड़ेलते हैं? क्या यह पूजा है या पाप? यही सवाल हमें अपने पूरे धार्मिक ढांचे के बारे में पूछना चाहिए।

गांधी: कितने अपने कितने पराए -- प्रो देव प्रकाश मिश्रा

अल्बर्ट आइंस्टीन ने महात्मा गांधी के बारे में कहा था—“आने वाली पीढ़ियाँ शायद ही विश्वास करेंगी कि हाड़-मांस से बना ऐसा कोई इंसान इस धरती पर चला था।

मोदी: साहस, संघर्ष और लोकप्रियता का द्वंद्व -प्रो देव प्रकाश मिश्र।

नरेंद्र दामोदर मोदी भारतीय राजनीति के वह चेहरा हैं जिनकी शख़्सियत में इतिहास बदलने का साहस और आलोचना का बोझ एक साथ समाए हुए है

राजभाषा की अधूरी यात्रा --प्रो देव प्रकाश मिश्र।

हर वर्ष 14 सितंबर को हिंदी दिवस मनाया जाता है। सरकारी दफ्तरों से लेकर विद्यालयों और विश्वविद्यालयों तक इस अवसर पर कार्यक्रम आयोजित होते हैं।

शिक्षक दिवस पर प्रो. डी.पी. मिश्रा : उत्तर-दक्षिण भारत की ज्ञान परंपरा को जोड़ने का आह्वान

हैदराबाद में शिक्षक दिवस का उत्सव गरिमा और श्रद्धा के साथ मनाया गया, जहाँ शिक्षा, संस्कृति और राजनीति का संगम एक अविस्मरणीय आयोजन में देखने को मिला। यह कार्यक्रम रामालयम फ़ाउंडेशन और मातृदेवो भव सत्संग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया गया

भगवा की आँखे लाल

प्रोफेसर देव प्रकाश मिश्र ! “हमारे कोई शाश्वत सहयोगी नहीं, और हमारे कोई स्थायी शत्रु नहीं हैं। हमारे हित शाश्वत और स्थायी हैं, और उन्हीं हितों का पालन करना हमारा कर्तव्य है।”

सेक्युलरिज़्म: भारतीय सिनेमा की आत्मा या सामंती मुखौटा ? - प्रोफेसर देव प्रकाश मिश्रा

भारतीय सिनेमा को लंबे समय से "सेक्युलरिज़्म की प्रयोगशाला" कहा जाता है। परदे पर नायक कभी मंदिर में आरती करता है, कभी मस्जिद में सजदा करता है और कभी गुरुद्वारे में मत्था टेकता है—दर्शक तालियाँ बजाकर खुश हो जाते हैं

लोकतंत्र की कसौटी पर नया विधेयक -प्रोफेसर देव प्रकाश मिश्र।

भारतीय लोकतंत्र का इतिहास जितना गौरवशाली है, उतना ही विरोधाभासों से भरा भी है। संविधान निर्माताओं ने अपेक्षा की थी कि सत्ता में बैठे लोग जनता की आकांक्षाओं का सम्मान करेंगे, और लोकतंत्र केवल प्रक्रियाओं का नहीं बल्कि नैतिकता का भी उत्सव होगा

बी सुदर्शन रेड्डी का उत्तर प्रदेश आगमन,अखिलेश ने कर दिया वादा!

भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में उपराष्ट्रपति का पद हमेशा से महत्वपूर्ण रहा है। यह पद न केवल संवैधानिक दायित्वों को वहन करता है, बल्कि देश की राजनीतिक और सामाजिक दिशा को भी प्रभावित करता है।

पूजा पाल का अगला कदम यूपी की सियासत में नया मोड़?

उत्तर प्रदेश की राजनीति में हमेशा से ही अप्रत्याशित मोड़ और नाटकीय घटनाक्रम देखने को मिलते हैं। 2025 का अगस्त महीना भी ऐसा ही एक दौर लेकर आया

विधानसभा भवन पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फहराया तिरंगा,दिया दमदार भाषण

15 अगस्त 2025 को भारत ने अपना 79वां स्वतंत्रता दिवस पूरे जोश और उत्साह के साथ मनाया। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में इस अवसर पर आयोजित भव्य समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधान भवन परिसर में तिरंगा फहराया

Ads
24Adda Ads

Recent posts

Ads

Recent News

  1. मोदी: साहस, संघर्ष और लोकप्रियता का द्वंद्व -प्रो देव प्रकाश मिश्र।
    18 September, 2025
  2. इंडिया गठबंधन को मजबूत करने के लिए अखिलेश का मास्टर प्लान
    16 January, 2025
  3. आईपीएल 2025: कप्तानी, मालिकों का समर्थन, और फाइनल की राह
    02 June, 2025
  4. झेलम नदी का पानी छोड़े जाने से पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर यानी PoK में मचा हड़कंप!
    29 April, 2025
  5. No Player is Bigger than the Team: How Virat Kohli is Changing Cricket’s Superstar Culture
    30 January, 2025
  6. नागा साधु कौन होते हैं? क्या खाते हैं? कहां रहते हैं? क्यों नहीं लगती है ठंड, जानें सबकुछ
    17 January, 2025
  7. मथुरा में महिला PCS अधिकारी 70 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार, ड्राइवर भी अरेस्ट
    06 February, 2025
  8. बिहार की सियासत में भूचाल: जातिगत जनगणना और 2025 का रण!
    04 May, 2025
  9. बजट में किसके लिए क्या है खास, एक क्लिक में जानिए सबकुछ
    01 February, 2025
  10. Mahakumbh 2025: The World's Biggest Gathering and Its Global Media Impact
    28 January, 2025
More Videos